वो एक औरत थी , उस की उम्र ५५ वर्ष थी ,
४ लड़कियां १ लड़का , घर का मकान २२ कमरों का ,
पति बैंक कर्मचारी -तनख्वाह २२००० रूपये महिना !
और वो अपने ही घर में ७ फुट बाई ८ फुट के कमरे में
अपनी ३ कंवारी बेटियों और एक बेटे के साथ रहती थी !
क्यों की उस का आदमी उसे मारता था ,दूसरी औरत रखना चाहता था , राशन के पैसे नही देता था ,
बिजली भी काट देता था ,घर में सिलाई भी नही करने देता था !
क्यों ? क्यों कि वो अनपद थी !
वो औरत बच्चों को खाना खिलाने के लिए स्कूल में चपरासी बन गई ,
बेटी कि शादी कर सके इसलिए अस्पताल में सफाई करने लगी !
मालूम है क्यों ?
क्यों कि वो अनपद थी !
अपने अधिकार नहीं समझती थी !
पति कि मार खाती थी ,ठोकरे खाती रही , हर किसी के सामने हाथ जोड़ -जोड़ कर पति को समझाने कि मन्नत करती रही !
मालूम हैं क्यों ?
क्यों कि वो अनपद थी !
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