शनिवार, 7 फ़रवरी 2009

दर्द में मज़ा

दर्द में भी मुझे आता है मज़ा !
या फिर ?
दर्द मैं ही मुझे आता है मज़ा !
ये मैं नही जानता !
पर
दर्द ना हो तो ~ आता नहीं है मज़ा !!

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें